उदयपुर से 22 किमी दूर कैलाशपुरी में मंदिर है।भगवान शिव का रूप – एकलिंग जी,मेवाड़ के आराध्य।

उदयपुर से 22 किमी दूर कैलाशपुरी में मंदिर है।भगवान शिव का रूप – एकलिंग जी।मेवाड़ के आराध्य। एकलिंगजी का प्रसिद्ध…

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नयापारा चूड़ी लाइन सदर बाजार रायपुर स्थित १५७ वर्ष पूर्व निर्मित श्री बांके बिहारी मंदिर ,जीर्णोद्धार कार्य पूर्ण हो जाने पर विग्रह प्राण प्रतिष्ठा महोत्सव १४ मई २०२६ गुरुवार को होना निश्चित हुआ है. “

राजधानी रायपुर के नयापारा चूड़ी लाइन सदर बाजार रायपुर स्थित १५७ वर्ष पूर्व निर्मित श्री बांके बिहारी मंदिर 🛕 का…

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बुद्ध पूर्णिमा 1 May. 2026 श्रृंगी ऋषि आश्रम मया बाजार शेरवा घाट जिला अयोध्या मैं भक्तों की उमड़ी भीड़

बुद्ध पूर्णिमा 1 May. 2026 श्रृंगी ऋषि आश्रम मया बाजार शेरवा घाट जिला अयोध्या मैं भक्तों की उमड़ी भीड़ lपवित्र…

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श्रीनगर-जम्मू वंदे भारत सेवा 2 मई से नियमित रूप से शुरू होगी, वंदे भारत सेवा में कोचों की संख्या 8 से बढ़ाकर 20 कर दी गई, वैष्णो देवी जाने वाले यात्रियों के लिए खुश खबर।

दिनांक – 30 अप्रैल 2026 रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव कल यानी 30 अप्रैल 2026 को जम्मू तवी रेलवे स्टेशन से…

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श्रृंग ऋषि द्वारा पुत्रकामेश्ती यज्ञ को बहुत सुंदर उकेरा हुआ है चित्र, सुदूर दक्षिण के राज्य तमिल नाडु के जिला तंजावुर के कुंभकोणम शहर का सबसे महत्वपूर्ण मंदिर नागेश्वर स्वामी टेंपल में,

तमिल नाडु में श्रृंगी ऋषि के चित्र मंदिर की दीवारों पर –सुदूर दक्षिण के राज्य तमिल नाडु के जिला तंजावुर…

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मां बगलामुखी जयंती 24 अप्रैल 2026 को मनाई जा रही है । आठवीं महाविद्या के रूप में, वे शत्रुओं को पंगु बनाने, बाधाओं को दूर करने और विजय सुनिश्चित करने की सर्वोच्च शक्ति का प्रतिनिधित्व करती हैं। भक्त पीले वस्त्र पहनते हैं, पीले फूल/हल्दी चढ़ाते हैं और सुरक्षा और सफलता की कामना के लिए “ॐ ह्रीं बगलामुखी नमः” का जाप करते हैं

नलखेड़ा (Nalkheda) स्थित माँ बगलामुखी मंदिर मध्यप्रदेश के आगर-मालवा जिले में लखुंदर नदी के किनारे स्थित एक अत्यंत प्राचीन और…

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चिट्ठी_वाले_हनुमानजी कैलाशपुरी रायपुर

राजधानी रायपुर के कैलाशपूरी इलाज में स्थित चिट्ठी_वाले_हनुमानजी के नाम से प्रसिद्ध है . सरकारी पोस्ट ऑफिस ने भी अब…

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श्री श्रृंग ऋषि जी का तपस्या स्थल,श्रृंगेश्वर महादेव मध्य प्रदेश,

मध्य प्रदेश के झाबुआ जिले से मात्र 50 किलोमीटर दूरी पर स्थित है l श्रृंगेश्वर महादेव का अति प्राचीन मंदिर…

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बस्तर ढोलकल गणेश’ तक जाने के लिए चट्टान काट कर रास्ता

छत्तीसगढ़ के बस्तर दंतेवाड़ा जिले की बैलाडीला की पहाड़ियों में विराजमान ढोलकल गणेश के दर्शन अब भक्तों के लिए आसान…

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पिता की लाश का सिर काटकर दफन करता है बेटा:शादी से पहले 3 महीने प्रेग्नेंट होना जरूरी; शिकारी जनजाति वांचों की कहानी

एक पहाड़ी पर सुबह 8 बजे का वक्त। एक बूढ़े की लाश पड़ी है। वह पूरी तरह काली पड़ चुकी…

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