“यह कहानी नहीं हकीकत है आज का युवा वर्ग नशे की और बढ़ता जा रहा है और इसका असर अब शादी विवाह पर भी पड़ता नजर आ रहा है, छत्तीसगढ़ के बलौदा बाजार कसडोल में एक बारात को इसीलिए लौटा दिया, युवाओं को नशे से दूरहना चाहिए क्योंकि युवा से ही एक युवा भारत का निर्माण होगा और वही देश का भविष्य है अगर आज का युवा नशा करे गा शराब पिएगा तो हमारे देश कैसे आग बढ़ेगा ।
थो,ड़ा सा पी लिया था’ — क्या सच में इतना ही था ?”अगर सिर्फ “थोड़ा” ही था तो 4 घंटे के नाच-गाने के बाद भी नशा क्यों नहीं उतरा ? पैर क्यों लड़खड़ा रहे थे ?मंडप तक पहुँचने की हालत क्यों नहीं थी ?सच यही है —जब शुरुआत ही नशे में हो, तो आगे की ज़िंदगी कैसी होगी… इसका अंदाज़ा लगाना मुश्किल नहीं।किसी भी पिता का यह कहना कि “बस थोड़ा पी लिया था”दरअसल एक गलती को छोटा दिखाने की कोशिश है।लेकिन वही “थोड़ा” किसी बेटी की पूरी ज़िंदगी पर भारी पड़ सकता है।आज उस बेटी ने जो किया वो सिर्फ अपना बचाव नहीं था…बल्कि समाज को आईना दिखाना था।“नशे को सामान्य मत बनाइए,क्योंकि किसी की जिंदगी इससे असामान्य हो सकती है।”
इस दुल्हन के इस साहसी कदम के बार में आप क्या कहना चाहेंगे। हमें शुरू कमेंट करें उसे खबर को ज्यादा से ज्यादा शेयर करें।













Leave a Reply